मंगलवार, 12 अक्तूबर 2021

आकार तथा कार्यक्षमता के आधार पर वर्गीकरण

आकार तथा कार्यक्षमता के आधार पर वर्गीकरण

सुपर कम्प्यूटर

  • कम्प्यूटर जिनकी कार्य करने की क्षमता 500 मेगा फ्लॉप्स से अधिक हो उसको सुपर कम्प्यूटर कहते हैं। 
  • इनमें मल्टी प्रोसेसिंग तथा समानान्तर प्रोसेसिंग का उपयोग किया जाता है। 
  • इनमें 32 से 64 समानान्तर परिपथों में कार्य कर रहे माइक्रो प्रोसेसर की सहायता से सूचनाओं पर एक साथ कार्य किया जाता है। 
  • वर्तमान में सुपर कम्प्यूटरों में गीगा फ्लॉप्स तथा टेरा फ्लॉप्स तक की गति पायी जाती है।
  • इनका इस्तेमाल उच्चस्तरीय सघन गणनात्मक कार्यों, आण्विक मॉडलिंग, भौतिक सिमुलेशन अनुकार, विश्वविद्यालय, सैन्य एजेंसियों और वैज्ञानिक अनुसंधान प्रयोगशालाओं में किया जाता है।

प्रमुख सुपर कम्प्यूटर : 

  • CRAY K IS.Deep Blue. FLO Solver, PARAM, ANUPAM, COSMOS आदि।
  • विश्व का प्रथम सुपर कम्प्यूटर के के.। एस (Cray K.IS) है, जिसे अमेरिका के के रिसर्च कम्पनी ने 1979
  • में तैयार किया था।

डीप ब्ल्यू. - 

  • इस सुपर कम्प्यूटर ने प्रसिद्ध शतरंज खिलाड़ी गैरी कास्परोव को पराजित किया। यह एक सेकेण्ड में 20 करोड़ से अधिक शतरंज की चालें सोच सकता है।

विश्व के पाच सबसे तीव्र कंप्यूटर

कम्प्युटर गति (पेटाफ्लॉप) देश स्थापना वर्ष
के 10.6 कोबे, जापान 2011
टिटेन 17.59 अमेरिका 2012
सिक्वोया 17.17 विलरमोर, अमेरिका 2012
तिन्हाये-2 33.86 तियेनजिन, चीन 2013
मिरा 8.58 अमेरिका 2013

इको कम्प्यूटर - 

  • आयरलैंड के डबलिन नगर में विश्व का पहला इको कम्प्यूटर विकसित किया गया था।

टेस्ला -

  • मेरिकी कम्पनी NVIDIA द्वारा डिजाइन किया गया दुनिया का पहला पर्सनल सुपर कम्प्यूटर।

विश्व का पहला जैविक कम्प्यूटर - 

  • अमेरिकी वैज्ञानिकों ने विश्व का पहला जैविक कम्प्यूटर बनाने का दावा किया है।

के. कम्प्यूटर -

  • जापानी सुपर कम्प्यूटर, प्रति सेकेंड 10 क्वाड्रिलियन से भी अधिक की गणना कर दुनिया की सबसे तेज मशीन के रूप में अक्टूबर, 2011 में इसने अपना ही रिकार्ड तोड़ा।

सिक्वोया -

  • अमेरिकी कंपनी IBM द्वारा निर्मित 'सिक्वोया' कम्प्यूटर 18 जून, 2012 को जारी 'सुपर कंप्यूटर 500' सूची में प्रथम स्थान पर रहा। 
  • इससे जापानी कंपनी फूजित्सु का विश्व का सवाधिक तीव्र कंप्यूटर 'के' दूसरे स्थान पर आ गया है। 
  • 'सिक्वोया' 16-32 पेटाफ्लॉप्स की गति से गणना करता है। सिक्वोया का उपयोग परमाणु हथियारों के संरक्षण से जुड़े प्रयोगों में किया जाएगा।
  • नवंबर, 2014 के अनुसार टॉप 500 सुपर कंप्यूटरों की सूची में भारत के 9 सुपर कंप्यूटर सम्मिलित है। जिन्हें क्रमश: 71वीं, 131वीं, 149वीं, 155वीं, 163वीं, 167वीं, 206वीं, 219वीं तथा 346वीं रैंकिंग प्राप्त हुई है।

भारत में सुपर कम्प्यूटर - 

  • भारत का प्रथम सुपर कम्प्यूटर- PARAM- 8000 है जिसे C-DAC (Centre Development of Advanced Computing), पुणे द्वारा सन् 1990 में विकसित किया गया।
भारतीय सुपर कम्प्यूटर निर्माण करने वाली संस्था
EKA Tata
PARAM 10000 C-DAC, Pune
MACH IIT, Bombay
ANUPAM BARC, Bombay
CHIPP-16 C-Dot, Banglore
MULTI MICRO IIS.Banglore
FLOSOLVER NAL, Banglore

भारत में सुपर कम्प्यूटरों के विकास की महत्वपूर्ण संस्थायें-

1.C-DAC (Centre for Development of Advanced Computing)- 

  • भारत में सुपर कम्प्यूटर के विकास में यह सबसे महत्वपूर्ण संस्था है। इसके द्वारा विकसित सुपर कम्प्यूटर हैं- परम, परम 10,000, परम पदम, परम अनन्त, परम युवा। परम सिरीज के सुपर कम्प्यूटर परम 10000 नामक कम्प्यूटर की क्षमता 100 गीगा फ्लॉप्स (1 खरब गणना प्रति सेकेण्ड) थी। इसके निर्माण का श्रेय C-DAC के निदेशक विजय भास्कर को जाता है।

2.C-DOT (Centre for Development of Telematics)- 

  • इस संस्था ने CHIPP-16 नामक सुपर कम्प्यूटर का विकास किया है।

3. DRDO (Defence Research and Development Organisation)- 

  • इस संगठन की अनुभाग इकाई ने 'पेस' (PACE) नामक सुपर कम्प्यूटर का विकास किया है।

4. BARC (Bhabha Atomic Research Centre)- 

  • मुम्बई स्थित इस संस्था द्वारा 'अनुपम' सीरीज (टेराफ्लॉप्स गणना क्षमता) के सुपर कम्प्यूटर का विकास किया है।

अन्नपूर्णा - 

  • भारत में विकसित सुपर कम्प्यूटर। इसका अनावरण 31 जुलाई, 2010 को चेन्नई स्थित किया गया।
  • गणितीय विज्ञान संस्थान परिसर में परमाणु ऊर्जा आयोग के तत्कालीन अध्यक्ष श्रीकुमार बनर्जी द्वारा किया गया।
  • अन्नपूर्णा देश का सातवाँ सबसे तेज उच्च निष्पादन अभिकलन (HPC) कम्प्यूटर है।

EKA - 

  • टाटा संस द्वारा विकसित सुपर कम्प्यूटर है।
  • यह प्रोसेसिंग के मामले में वर्ष 2010 में 33वें स्थान पर था।
  • भारत में यह सबसे तेज कम्प्यूटर है और प्रोसेसिंग के मामले में प्रथम स्थान पर है।